पुरस्कार राष्ट्रपति द्वारा कला, विज्ञान, समाज सेवा, खेल, साहित्य, सार्वजनिक सेवा और अन्य क्षेत्रों में असाधारण योगदान के लिए दिए जाते हैं।
🏅 पद्म विभूषण (Padma Vibhushan)
धर्मेंद्र सिंह देओल (मरणोपरांत) – कला
के. टी. थॉमस – सार्वजनिक मामले
एन. राजम – कला
पी. नारायणन – साहित्य और शिक्षा
वी. एस. अच्युतानंदन (मरणोपरांत) – सार्वजनिक मामले
🎖️ पद्म भूषण (Padma Bhushan)
अलका याग्निक – कला
भगत सिंह कोश्यारी – सार्वजनिक मामले
कल्लीपट्टी रामासामी पलानीस्वामी – चिकित्सा
ममूटी – कला
डॉ. नोरी दत्तात्रेयुडु – चिकित्सा
पीयूष पांडे (मरणोपरांत) – कला
एस. के. एम. माइलैन्डन – सामाजिक कार्य
शतावधानि आर. गणेश – साहित्य/Education
शिबू सोरेन (मरणोपरांत) – सार्वजनिक मामले
उदय कोटक – व्यापार/उद्योग
वी. के. मल्होत्रा (मरणोपरांत) – सार्वजनिक मामले
वेल्लपल्ली नतेसन – सामाजिक कार्य
विजय अमृतराज – खेल
🌟 पद्म श्री (Padma Shri)
इस श्रेणी में 113 विजेता शामिल हैं, जिनमें से कुछ प्रमुख:
ए. ई. मुथुनायगम – विज्ञान एवं इंजीनियरिंग
अनिल कुमार रस्तोगी – कला
अनके गॉडा एम. – सामाजिक कार्य
आर्मिडा फ़र्नांडेज़ – चिकित्सा
अर्विंद वैद्य – कला
अशोक खड़े – उद्योग
बालदेव सिंह – खेल
भगवंदरस रायकवार
बुद्धा रश्मि मणि
बुधरी ताती – शिक्षा/सामाजिक सेवा
गैफरुद्दीन मेवाती जोगी
गाम्बीर सिंह योंज़ोने
रंजन और गायत्री बाला सुब्रमणियन – संगीत
…और कई अन्य प्रतिष्ठित व्यक्तित्व।
2026 के पद्म पुरस्कारों का महत्व और विविधता
साल 2026 के पद्म पुरस्कार विजेताओं की सूची इससे पहले घोषित की गई थी, जिसमें कुल 131 नागरिकों को सम्मानित किया गया है। इसमें पांच पद्म विभूषण, 13 पद्म भूषण और 113 पद्म श्री पुरस्कार शामिल हैं। खास बात यह है कि इस बार 19 महिलाएँ, 6 विदेशी/एनआरआई/ओसीआई तथा 16 मरणोपरांत सम्मानित व्यक्ति भी सूची का हिस्सा हैं।
यह पुरस्कार सूची असाधारण उपलब्धियों के विभिन्न क्षेत्रों — कला, साहित्य, विज्ञान, सार्वजनिक सेवा, खेल, सामाजिक कार्य, चिकित्सा और व्यापार — को प्रतिबिंबित करती है। इसके अलावा, इस बार कई ऐसे गुमनाम नायक भी सम्मानित हुए हैं जिनका काम अक्सर छोटे-छोटे समुदायों और ग्रामीण इलाकों में समाज को सकारात्मक रूप से प्रभावित करता है।
उदाहराण के लिए, एक पूर्व बस कंडक्टर अनके गॉडा को विश्व की सबसे बड़ी मुफ़्त पुस्तकालय सेवा के लिए पद्म श्री से नवाज़ा गया है, जिससे शिक्षा और साक्षरता जैसे सामाजिक मुद्दों पर जागरूकता और पहुंच बढ़ी है।
प्रमुख नाम और क्षेत्रीय प्रतिनिधित्व
इस सूची में फिल्म और संगीत जगत से धर्मेंद्र, ममूटी, अलका याज्ञिक जैसे दिग्गज शामिल हैं, जिन्होंने भारतीय कला और सिनेमा को नई ऊँचाइयों पर पहुँचाया है।
खेल क्षेत्र के लिए विजय अमृतराज और रोहित शर्मा, हरमनप्रीत कौर, सविता पुनिया जैसे खिलाड़ी पद्म श्री के लिए चुने गए हैं, जिन्होंने अपने खेल कौशल से राष्ट्रीय गर्व को बढ़ाया है।
साहित्य, शिक्षा और समाज सेवा के क्षेत्र में भी कई विद्वान और कार्यकर्ता ऐसे हैं जिन्होंने देश-विदेश में भारतीय मूल्यों और सेवा भावना को प्रतिष्ठित किया है।
समापन विचार — एक प्रेरणादायक उत्सव
पद्म पुरस्कार 2026 की घोषणा न केवल उन महान विभूतियों का सम्मान है जिन्होंने अपने-अपने क्षेत्रों में अद्वितीय योगदान दिया है, बल्कि यह युवा पीढ़ी के लिए प्रेरणा भी है कि समर्पण, कड़ी मेहनत और सेवा की भावना किसी भी क्षेत्र में असाधारण सफलता का मार्ग बन सकती है।
ये पुरस्कार इस बात का भी प्रतीक हैं कि भारत का हर कोना, चाहे वह महानगर हो या ग्रामीण इलाका, प्रतिभा और सेवा के लिए सम्मान पाता है। 131 विजेताओं की यह सूची देश की विविधता, प्रतिभा और समर्पण-पूर्ण सेवा की समृद्ध परंपरा की सच्ची अभिव्यक्ति है।